40. S04 - E10 कुछ तक़ाज़ा उम्र का...

40. S04 - E10 कुछ तक़ाज़ा उम्र का था, कुछ मेरी नादानी थी😌

'Wah! Ye Diariyaan' (स्वरचित १००+ गज़लें, नज़्में, और कविताऐ... by Mahesh Vallabh Pandey 'ऐ दर्द!'
S4 · E10
Nov 20, 2022
06:00

Episode notes

वरना तुझसे बेख़बर होने से मुझको क्या मिला😌

Keywords

वरना तुझसे बेख़बर होने से मुझको क्या मिला
कुछ तक़ाज़ा उम्र का था कुछ मेरी नादानी थी